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नकारात्मक विचार तीन कारणों से होते हैं ● अगर रक्त का प्रवाह सही नहीं है।● लसीका प्रणाली (lymphatic system) सही नहीं है।● मल त्याग (bowel moment) अनियमित है। आप फल आहार से अपनी आत्रें साफ कर सकते हैं। प्राणायाम से भी मदद मिलेगी। कुछ दिनों के लिए त्रिफला (आयुर्वेदिक...
दु:खी मस्तिष्क दु:ख का व सुखी मस्तिष्क सुख का सृजन करता है। शांत मन शांति का एवं अशांत मन अशांति का सृजन करता है।
आप सचमुच किसी से प्रेमकरते हो या प्रेमी के साथ रहना चाहते हो ;तब आप एक दूसरे की उपेक्षा मत करो। इस तरह जियो कि अगलाएक नया व्यक्ति है और हररोज तुम्हेँ उसे रिझाना है,मनाना है। एक दूसरे के मालिक मत बनो।
 पोस्ट लेवल : प्रेम को समझो
आवेश और क्रोध को वश मेँ कर लेने से शक्ति बढ़ती है;जब ये आवेश वश मेँ आ जाता है तो इसको आत्मबल मेँ बदला जा सकता है;
जिंदगी वैसी नहीँ है, जैसी आप कामना करते है।यह तो वैसी है, जैसा आप इसे बनाते हैँ।
 पोस्ट लेवल : जिँदगी
मनुष्य के कार्य आमतौर से उसके विचारोँ के परिणाम होते हैँ। यह विचार आन्तरिक विश्वासोँ का परिणाम होते हैँ। दूसरे शब्दोँ मेँ इसी बात को योँ कहा जा सकता है कि आन्तरिक भावनाओँ की प्रेरणा से ही विचार और कार्यो की उत्पत्ति होती है, जिसका हृदय जैसा होगा वह वैसे ही विचार क...
आलसी मनुष्य अपने लक्ष्य तक कभी नहीँ पहुँच पाता, किँतु कठोर परिश्रम करने वाला,अपने प्रत्येक पल का सार्थक उपयोग करने वाला,कभी भी अभावग्रस्त नहीँ रहता।
मैँने प्रेम करने का निश्चय किया है;द्वेष करना तो बहुत बोझिल काम है;
 पोस्ट लेवल : प्रेम और द्वेष
बुद्विमान व्यक्तियोँ कीप्रंशसा की जाती है;धनवान व्यक्तियोँ से ईर्ष्याकी जाती है;बलशाली व्यक्तियोँ से डराजाता है,लेकिन विश्वास केवल चरित्रवान व्यक्तियोँ परही किया जाता है;
इंसान दीर्घायु होने की कामना तो करता है ;मगर बूढ़ा होने से भयभीतरहता है ;
 पोस्ट लेवल : दीर्घायु बूढ़ापा