अजनबी  हूँ  इस अजनबी शहर मेंतलाश अपनेपन कि यहाँ  जारी हैहोश को होश नहीं मय के आगोश मेंख़तम न होने वाली ये बेकरारी हैअजनबी  हूँ  इस अजनबी शहर में …हर रात सी लेता हूँ मैं चाक दिल केसुबह फिर चोट खाने की  तैयारी हैअजनबी  हूँ  इस अ...