ब्लॉगसेतु

राजेश कश्यप
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  धन्यवाद एवं आभार -राजेश कश्यप    आदरणीय मित्रो! मुझे यह बताते हुए अति हर्ष एवं रोमांच का अनुभव हो रहा है कि अल्प समय में ही अपने ब्लॉग के विजीटर्स की संख्या 9000 और कुल पृष्ठ दृश्य संख्या 30,000 को पार कर गई है। मैं तहेदिल से अपने सुधी पा...
विजय राजबली माथुर
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यों तो उन सभी लोगों का तहे दिल से शुक्रगुजार हूँ जिन सब ने मेरे जन्मदिवस पर शुभकामनायें व्यक्त की हैं परंतु उन सब में इन कुछ को मैंने ब्लाग-पोस्ट के माध्यम से सहेजने की चेष्टा की है और उम्मीद करता हूँ कि इसका अन्यथा अर्थ नहीं लिया जाएगा। वरिष्ठ किसान नेता एवं कामर...
sanjiv verma salil
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कार्य शाला : आइये कविता करें: ४संजीव, पद्य, नवगीत, गीत, आभा सक्सेना,  . इस श्रंखला में फिर श्रीमती आभा सक्सेना जी की एक रचना विचाराधीन है. अन्य सहभागी भी अपनी रचनाएँ चर्चा हेतु लाएं तो सभी को कुछ न कुछ लाभ होगा। यह एक नवगीत है. नवगीत के शिल्प और भाष...
मुकेश कुमार
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मेरे कुछ ज्यादा चलते दिमाग नेएक दिन, लगाई घोड़े सी दौड़होगा एक दिनमेरा अपना बनवाया हुआस्वयं का ख़्वाबों का घर खुद के पैसों सेख़रीदे हुए ईंट, रेत व सीमेंट काआभासी, ह्रदय के आईने मेंदेखा, उसमें कहाँ होगा दरवाजाकहाँ होगी खिड़कियाँ, रौशनदान भीगमले रखूँगा कहाँये भी पता...
Bhavana Lalwani
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  हालांकि ये   स्थिति भी ज्यादा देर  तक  नहीं  ठहर सकी .. उसने  खुद को एकबारगी फिर से फूलों की टहनियों और उस खरगोश की तलाश में व्यस्त कर लिया। पर जाने क्यों वो उत्साह अब मंद पड़  गया था।  और तभी उसकी आँखें...
मुकेश कुमार
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कहाँ जनता था उसे??? पर कुछ लोगों का ज़िन्दगी में शामिल होने या खोने पर अपना जरा भी बस नहीं होता.. सब यूँ होता है जैसे कोई ख्वाब देखा हो...कब और कैसे, मेरी आभासी दुनिया में शामिल हो गया और फिर उस दायरे को लांघ गया .... बिलकुल दबे पाओं, हौले से,चुपचाप...
संजीव तिवारी
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ब्‍लॉगर बी.एस.पाबला, जी.के.अवधिया व नवीन प्रकाशछत्‍तीसगढ़ पत्रकारिता के भीष्म पितामह श्री बब्बन प्रसाद मिश्र जी के पचहत्तरवें जन्मदिवस एवं सोशल मिडिया फेसबुक के लोकप्रिय ग्रुप "संगवारी" के सालगिरह के शुभ अवसर पर 16 जनवरी को रायपुर में एक गरिमामय कार्यक्रम आयोजित हु...
girish billore
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girish billore
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     सवाक सिनेमा के सौ बरस पूरे तो हुए पर सिनेमाई संगीत के मायने ही बदल गये . आज़ आपको साठ सत्तर के दशक का सिनेमाई संगीत याद होगा. किंतु बेहद बुरी दशा है हिंदी फ़िल्म संगीत की. बकौल गायक आभास जोशी-"फ़िल्में अब गायकों के लिये अनुकूल नहीं रह गईं ह...
girish billore
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 पोस्ट लेवल : आभासी-नाता