ब्लॉगसेतु

रवीन्द्र  सिंह  यादव
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एकाकीपन क्लांत मन को एकांत में जाने को कहता कोरोना वायरस महामारी को हतोत्साह के साथ संसार सहता। तमस का अंबार है छाया वक़्त विकट महामारी लाया5000 लोग काल-कवलित हुए लाख से ऊपर संक्रमित हुए। दुनिया में देश जुट गये हैं अपने-अपने न...
 पोस्ट लेवल : कोरोना वायरस कविता
Kavita Rawat
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मुझे नहीं करनी थीजो मैंने बात ही नहीं की।मना लो, हँसा लो, कर लो गुस्सा, हो जाओ नाराज।मुझे नहीं करनी थीजो मैंने बात ही नही की।उसने कर, चर, खप, चटरसारे सुर लगाएकंकड़ सा चुभ-चुभ करसारे जोर लगाएहुआ महीन-मुलायम भी, पर .....मुझे नहीं करनी थीजो मैंने बात ही नही की।फिर...
 पोस्ट लेवल : कविता एक पुकार दिल की
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : कविता
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : कविता
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : कविता
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : कविता
ऋता शेखर 'मधु'
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आशावादी बात लिखोलिखने में क्या जाता हैसुन्दर सेल्फ़ी चेंप दोदिखने में क्या जाता हैगेहूँ की एक घून ही हैपिसने में क्या जाता हैतवा चढ़ी जो रोटियाँसिंकने में क्या जाता हैजमीर जमीर मत करोबिकने में क्या जाता हैबहती है जब गर्म हवातपने में क्या जाता हैअक्षर अक्षर मंजरीछपने...
 पोस्ट लेवल : कविता ग़जल सभी रचनाएँ
Meena Bhardwaj
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मेरे घर का आंगन ,भूरी सैकत वाला ।वर्षा की बूँदों संग ,सौंधी खुशबू वाला ।।गीली मिट्टी के ढेरी ,चल  घर बनाते हैं ।         ये तेरी है वो मेरी ,कुछ फूल उगाते हैं ।।आंगन का हिस्सा मेरा ,वो बगिया वाला तेरा ।आंगन में नीम...
 पोस्ट लेवल : कविताएँ
रवीन्द्र  सिंह  यादव
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फ़रवरी 2020 अंतिम सप्ताह दिल्ली में दंगा चीख़-पुकार आह ही आह!गिरीं लाशेंलुटे-जले मकान-दुकानपीड़ितों का पलायन लाशों के सौदागरों के बयान एंकर-एंकरनियों की तलवार / म्यान क्षत-विक्षत लाशों के ढेर घायलों की दारुण टेर विधवाओं का विकट विलाप यतीमों का दिल दहलाता आलाप माँओं की...
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : कविता