सर झुकाओगे तो पत्थर देवता हो जायेगा इतना मत चाहो उसे वो बेवफ़ा हो जायेगा (बशीर बद्र) मुसीबतें पहले भी कम नहीं थीं इंसान की ज़िन्दगी में । यह मानव जीवन का प्रारंभिक दौर था जब वह आदिम मनुष्य जन्म ,मृत्यु और प्रकृति के रहस्यों से नावाकिफ था , कार्य और कार...