ब्लॉगसेतु

VMWTeam Bharat
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सभी पाठकों को नमस्कार !मै त्रिपुरेन्द्र ओझा आपके लिए एक ब्लॉग लेकर आया हूँ , वैसे तो इसे आप इसे ब्लॉग न मान कर एक आवाज, एक चीख मानिये जो शब्दों के माध्यम से आप सब तक पहुँचाना चाहता हूँ |वैसे भी जब कई मुद्दे बहुत ही परेशान कर देते हैं तो मैं बैठ जाता हूँ लिखने जो आज...
sanjiv verma salil
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विमर्श वीरांगना पद्मिनी का आत्मोत्सर्ग और फिल्मांकन *जिन पौराणिक और ऐतिहासिक चरित्रों से मानव जाति सहस्त्रों वर्षों तक प्रेरणा लेती रही है उनकी विश्वसनीयता पर प्रश्न चिन्ह लगाना और उन्हें केंद्र में रखकर मन-माने तरीके से फिल्मांकित करना गौरवपूर्ण इतिहास क...
राजीव कुमार झा
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इन दिनों मलिक मुहम्मद जायसी का पद्मावत और रानी पद्मावती इतर कारणों से चर्चा में हैं.फिल्मों और धारावाहिकों में ऐतिहासिक चरित्रों या जनमन में बसे चरित्रों के साथ छेड़छाड़ या काल्पनिक प्रसंगों का जोड़ा जाना कोई नई बात नहीं है.काल्पनिक दृश्य फिल्मों एवं धारावाहिकों को जह...
HARSHVARDHAN SRIVASTAV
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किसी कवि ने सच ही कहा है कि "राजपूताने की मिट्टी खून से सनी हुई होने के कारण लाल है।" यहाँ के लोगों ने, स्त्रियों और पुरुषों ने इतने बलिदान दिए हैं कि भूमि का कोई भी कोना उस बलिदान से अछूता नहीं रहा है। चित्र साभार : www.gyandarpan.com  इसी राजस...
ललित शर्मा
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