प्रिय रागिनी,कितने दिनों बाद फिर तुम्हारे नाम का जिक्र यहां कर रहा हूँ। ऐसा नहीं है कि भूल गया था तुम्हें लिखना, न ही ऐसा है कि कभी बहुत अधिक याद करने लगा था। तुम तो मेरी कहानियों की पात्र हो। तुम्हारा साथ तो जब मैं 10 साल का था तबसे है और जब तक रहूंगा तब तक रहेगा।...
 पोस्ट लेवल : प्रिय रागिनी चिंतन