ब्लॉगसेतु

विजय राजबली माथुर
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स्पष्ट रूप से पढ़ने के लिए इमेज पर डबल क्लिक करें (आप उसके बाद भी एक बार और क्लिक द्वारा ज़ूम करके पढ़ सकते हैं ) संकलन-विजय माथुर, फौर्मैटिंग-यशवन्त यश
डा. सुशील कुमार जोशी
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विश्व के एक विद्यालय में जल्द ही संघ का चुनाव होने जा रहा है मजे की बात है हर लड़ने वाला इस चुनाव में अपना झंडा छुपा रहा है बुद्धिजीवी बड़ी बात है किसी एक बुद्धिजीवी को वोट देने जा रहा है मुद्दे किसी के पास हैं और क्या हैं पूछने पर कोई कुछ नहीं बता रहा है विश्व का यह...
डा. सुशील कुमार जोशी
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(उलूक को बहुत दूर तक दिखायी नहीं  देता है । कृपया दूर तक फैले देश से जोड़ कर मूल्याँकन करने का कष्ट ना करें। जो  लोग  पूजा में व्यस्त हैं  अपनी आँखे बंद रखें। बैकुण्ठी  के फिर से अवतरित होने के लिये मंत्र जपने शुरु करें)कई दिन हो गये जमा करत...
जन्मेजय तिवारी
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             ‘आप पत्रकार लोग भी तिल का ताड़ बनाने के उस्ताद होते हैं ।’ उन्होंने मुझे देखते ही ताना मारा ।   ‘पर आतंकवाद को आप तिल कदापि नहीं कह सकते । वह तो कब का ताड़ बन चुका है ।’ मैंने प्रतिवाद करने की कोशिश करत...
डा. सुशील कुमार जोशी
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संदर्भ: व्यक्तिगत और संस्थागत परीक्षार्थी। राज्यपाल की समझ में आयेगी बात आभार उनका ।आता है एक सरकारी आदेश उस समय जब अपदस्त होती है जनता की सरकार आदेश छीन लेने का सारे कटोरे सभी सफेदपोश भिखारियों के और दे दिये जाते हैं उसी समय उसी आदेश के साथ सारे कटोरे कहीं और के...
शिवम् मिश्रा
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आज़ादी मुफ़्त नहीं मिलती, इस की असली कीमत हमारे वीर सैनिक चुकाते हैं। अपने सैनिकों और सेना का सम्मान करना सीखिए।   जिन का आदर्श वाक्य, स्वधर्मे निधनं श्रेयः (कर्तव्य पालन करते हुए मरना गौरव की बात है।) हो, उन से इस से कम की कोई अपेक्षा की भी नहीं जा सकती।"वीरा...
विजय राजबली माथुर
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स्पष्ट रूप से पढ़ने के लिए इमेज पर डबल क्लिक करें (आप उसके बाद भी एक बार और क्लिक द्वारा ज़ूम करके पढ़ सकते हैं )  रिहाई मंच के प्रवक्ताओं शाहनवाज आलम और राजीव यादव ने जारी बयान में कहा है कि ‘मोदी गो बैक’ का नारा देकर बाबा साहब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के...
हर्षवर्धन त्रिपाठी
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@narendramodi की सरकार अगले कम से कम दो कार्यकाल न हट पाने की आहट से जो, वैचारिक मैथुन करने वाले बंधु नरेंद्र मोदी में बहुतायत खूबियां देख पाए थे। अब फिर उनकी आंखों के चश्मे का नंबर बदल गया है। अब उन्हें नजदीक की मोदी सरकार धुंधली दिखने लगी है। दूर की राहुल गांधी क...
डा. सुशील कुमार जोशी
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भाई बड़ा गजब हो रहा है कोई कुछ भी नहीं कह रहा है फुसफुसा कर कहा बुद्धिजीवियों से भरे एक शहर के एक बुद्धिजीवी ने बगल में बैठे दूसरे बुद्धिजीवी से चिपकते चिपकते हुऐ कान के पास मुँह लगाते हुऐ बहुत बुरा सच में बहुत बुरा हो रहा है बड़ा ही गजब हो रहा है मैं भी देख रहा हूँ...
दिनेशराय द्विवेदी
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हम अन्याय को संस्थाबद्ध करते जा रहे हैं -अरुंधति रॉय(लीजिए, हिंदी में पढ़िये अरुंधति का इंटरव्यू। गोरखपुर फ़िल्म फ़ेस्टिवल के दौरान 23 मार्च को मशहूर लेखिका अरुंधति रॉय से हुई मेरी बातचीत अंग्रेज़ी पाक्षिक “गवर्नेंस नाऊ” में छपी है। लेकिन जब लोग यह जान गये हैं क...