ब्लॉगसेतु

sanjiv verma salil
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शारदा वंदनमाँ शारदे! स्वर-सार देलय-भाव-रस उपहार देसुत को यही वरदान देरच छंद तुझ पर वार देभटका न लेकिन पा सकामाँ! कर दया; अब सार देमोती न हीरे चाहिएआशीष का गलहार देकुछ और चाहे हो नहींरचनाओं में भर प्यार दे१३-३-२०२० http://divyanarmada.blogspot.in/
PRAVEEN GUPTA
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MA BALA SUNDRI SIDH PEETH - माँ बाला सुन्दरी - देवबंद माता बालासुन्दरी सिद्धपीठ देवबंद में स्थित है. जो की सहारनपुर जनपद का एक क़स्बा हैं. मुज़फ्फरनगर से २५ किलोमीटर और सहारनपुर से ४० किलोमीटर पड़ता हैं. मैं हर नवरात्रि में इस सिद्धपीठ में माता के दर्शन के लिए अव...
sanjiv verma salil
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नवगीत :माँ जी हैं बीमार...संजीव 'सलिल'**माँ जी हैं बीमार...*प्रभु! तुमने संसार बनाया.संबंधों की है यह माया..आज हुआ है वह हमको प्रियजो था कल तक दूर-पराया..पायी उससे ममता हमने-प्रति पल नेह दुलार..बोलो कैसे हमें चैन हो?माँ जी हैं बीमार...*लायीं बहू पर बेटी माना.दिल मे...
 पोस्ट लेवल : नवगीत माँ जी
मुकेश कुमार
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Add captionएक हम सबकी यानी हमारे एजग्रुप या उससे कुछ पहले की जस्ट कॉलेज वाली जिंदगी हुआ करती थी, उस समय ग्यारहवीं यानी आईएससी भी कॉलेज था। तब पापा मने डांट या पिटाई ही कहलाया करता था। पापा तो रावण होते थे ☺️ (उस समय के सोच के हिसाब से)! बैठे बैठे चिल्लाते थे, या फ...
अनीता सैनी
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माँ... उजली धूप बनी जीवन में,कभी बनी शीतल छांव, पथिक की मंज़िल बनी,कभी पैरों की बनी ठांव ।माँ... भूखे की रोटी बन सहलाती, बेघर को मिला गंतव्य गांव, माँ तुम हृदय में रहती हो मेरे,हो प्रेरक प्रेरणा की ठंडी छांव।माँ... संवेदना बन...
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माँ जन्म दिया माँ ने हमें,दिखा दिया संसार।माँ ही बच्चे को करे,भवसागर से पार।।माँ की ममता का नहीं,होता कोई मोल।माँ तो जीवन में सदा,होती है अनमोल।।कैसे भी हालात हो,माँ रहती है पास।जीवन पथ पर आप भी,माँ से रखना आस।।जिसके सर पर तो सदा,रहता माता का हाथ।समझो उसक...
रवीन्द्र  सिंह  यादव
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माँ तो केवल माँ होतीईश्वर का साक्षात रूप है माँजो हर हाल में साथ होती हैमाँ की मुस्कुराहट क्या होती हैदेखा एक चैनल परमहानगर से गांव की ओरपैदल जाती एक्सप्रेस-वे परदोनों कंधों पर लादे बच्चेहाथों में बचा-खुचा सामानथकान से चूर पैरों में छालेफिर भी कैमरे के समक्षऐस...
 पोस्ट लेवल : कविता माँ
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*विश्व मातृ दिवस की सबको हार्दिक शुभकामनाएं*विधा *दोहे*विषय *माँ* पिता तुम्हारा प्यार तो, है जग में अनमोल।माँ की ममता को यहाँ, कौन सकेगा तोल।।1।।जन्म दिया माँ ने हमें, दिखा दिया संसार।माँ ही बच्चे को करे, भवसागर से पार।।2।।माँ की ममता का नहीं, होता कोई मोल।माँ...
संगीता पुरी
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maa par suvichar माँ के लिए सुविचार मॉ शब्‍द को सुनते ही सबसे पहले परंपरागत स्‍वरूपवाली उस मॉ की छवि ऑखो में कौंधती है , जिसके दो चार नहीं , पांच छह से आठ दस बच्‍चे तक होते थे , पर उन्‍हें पालने में उनके चेहरे पर शिकन तक नहीं आती थी। हमारे यहां 90 के दशक...
संगीता पुरी
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maa ke liye do shabdमाँ के लिए दो शब्ददुनिया का सबसे खूबसूरत शब्‍द, सबसे प्‍यारा शब्‍द है मां। किसी एक महिला के मां बनते ही पूरा घर ही रिश्‍तों से सराबोर हो जाता है। कोई नानी तो कोई दादी , कोई मौसी तो कोई बुआ , कोई चाचा तो कोई मामा , कोई भैया तो कोई दीदी , नए नए रि...