ब्लॉगसेतु

kumarendra singh sengar
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समूचे परिवार के लिए वह ख़ुशी का दिन था. परिवार की सबसे बड़ी बेटी के विवाह सम्बन्धी आयोजनों का शुभारम्भ हुआ था. बड़े-छोटे सभी प्रसन्न होने के साथ-साथ अत्यंत ऊर्जावान लग रहे थे. संयुक्त परिवार की यही विशेषता होती है कि आयोजन छोटा हो या बड़ा, सभी उसमें अपने अधिकाधिक अंश क...
अनीता सैनी
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सादर अभिवादन। चर्चामंच की सोमवारीय प्रस्तुति में आपका स्वागत है।  झोपड़ी में ख़ुद को ढक लेता निरीह ग़रीबसरकार ढक देती है झोपड़ी दीवार उठाकर,ताकि सवाल पूछ न ले कोई विदेशी मेहमान,अपनी जिज्ञासु पारखी नज़र उठाकर।-रवीन्द्र सिंह यादवआइए पढ़ते हैं आज मे...
अनीता सैनी
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सादर अभिवादन। खंडहर में उग आयी है काई कोने-कोने में मकड़ी के जाले,गिरगिट,दातुर,चमगादड़ आ बसे भित्ति से लिपटीं लताएँ ढूँढ़ती उजाले। -रवीन्द्र सिंह यादव शब्द-सृजन-8 का विषय है-'पराग'इस विषय पर आप अपनी आगामी शुक्रवार (सायं 5 बजे तक) संपर्क फॉर्म...
अनीता सैनी
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सादर अभिवादन। शनिवारीय चर्चा अंक में आपका स्वागत है।            शब्द-सृजन-7  के लिये विषय था 'पाँखुरी'/'पँखुड़ी' अर्थात फूल का सर्वाधिक आकर्षक,सुंदर एवं नाज़ुक भाग जिसके पर्याय हैं पाँख, दल, पुष्प-दल,...
kumarendra singh sengar
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याददाश्त का किसी भी व्यक्ति के जीवन में बड़ा ही महत्त्व माना गया है. ऐसा समझा जाता है कि जिसकी याददाश्त बहुत अच्छी होती है उसे बुद्धिमान कहा जाता है. ऐसे व्यक्तियों को सफलता प्राप्त करने से कोई नहीं रोक सकता है. किसी पुस्तक में पढ़ा भी था कि स्वामी विवेकानन्द अपने बच...
अनीता सैनी
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सादर अभिवादन।         चर्चामंच के 3600 वें अंक में हार्दिक स्वागत है। चर्चामंच अपनी निरंतरता का सिलसिला आज तक बनाये हुए है जिसे इस बुलंदी तक पहुँचाने का श्रेय निस्संदेह आदरणीय शास्त्री जी को जाता है।आदरणीय दिलबाग जी लंबे समय...
Akhilesh Karn
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फिल्म : मेहंदी लगा के रखनागायक : कल्पना, खेसारीलाल यादव (adsbygoogle = window.adsbygoogle || []).push({}); ला ला ला ला ला लाबान्ह लीहली प्रीत तोहर ओढ़नी के छोर मेंबान्ह लीहली प्रीत तोहर ओढ़नी के छोर मेंबस गइल बनके कजरा अंखिया के कोर मेंन जाने जादू कैइसन यार...
अनीता सैनी
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सादर अभिवादन।          यह कैसी हवा चली है कि सुकून बेचैनियों में बदल गया है! दिलों में दूसरों के लिये स्थान सिकुड़ रहा है और मेलजोल के जज़्बात खाक़ में मिल रहे हैं। उम्मीदों के चमन में ज़हरीले फूल पनप गये हैं। अजीब...
jaikrishnarai tushar
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शायर /कवि -श्री पवन कुमार  [I.A.S.]परिचय -हिंदी में कहें या कहें उर्दू में ग़ज़ल हो ---[जयकृष्ण राय तुषार ] प्रशासन में रहते हुए कुछ लोग कवि लेखक बनने का श्रमसाध्य प्रयास करते हैं ,वहीँ कुछ नाम ऐसे हैं जो अपनी कलम ,अपनी उम्दा लेखनी  से  साहित्य को बड़े...
Bharat Tiwari
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DP Tripathi Dies, DP Tripathi, a big literary figure of politics, Senior NCP Leader Passes awayहाल ही में हिंदी को वर्तमान राजनीति में उसके सबसे बड़े साहित्यप्रेमी देवी प्रसाद त्रिपाठी के निधन का सामना करना पड़ा है.  प्रखर युवा कहानीकार भूमिका द्विवेदी अश्क के उ...