ब्लॉगसेतु

sanjiv verma salil
5
ॐछंद सलिला:वस्तुवदनक छंदसंजीव*छंद-लक्षण: जाति अवतारी, प्रति चरण मात्रा २४ मात्रा, पदांत चौकल-द्विकललक्षण छंद:वस्तुवदनक कला चौबिस चुनकर रचते कविपदांत चौकल-द्विकल हो तो शांत हो मन-छविउदाहरण:१. प्राची पर लाली झलकी, कोयल कूकी / पनघट / पररविदर्शन कर उड़े परिंदे, चहक-चहक/...
sanjiv verma salil
5
ॐछंद सलिला:   ​​​वस्तुवदनक छंद ​संजीव*छंद-लक्षण: जाति अवतारी, प्रति चरण मात्रा २४ मात्रा, पदांत चौकल-द्विकललक्षण छंद:   वस्तुवदनक कला चौबिस चुनकर रचते कवि   पदांत चौकल-द्विकल हो तो शांत हो मन-छवि      उदाह...