ब्लॉगसेतु

sanjiv verma salil
0
सामयिक दोहेसंजीव*जो रणछोड़ हुए उन्हें, दिया न हमने त्यागकिया श्रेष्ठता से सदा, युग-युग तक अनुराग।*मैडम को अवसर मिला, नहीं गयीं क्या भाग?त्यागा था पद अटल ने, किया नहीं अनुराग।*शास्त्री जी ने भी किया, पद से तनिक न मोहलक्ष्य हेतु पद छोड़ना, नहिं अपराध न द्रोह।*केर-बेर न...
Kajal Kumar
0
 पोस्ट लेवल : Day वैलेंटाइन valentine
ज्योति  देहलीवाल
0
''मैडम, कल मैं रोज से थोड़ा जल्दी काम पर आउंगी क्योंकि मुझे घर जल्दी जाना हैं।'' मेरी काम वाली बाई प्रतिमा ने मुझ से कहा। ''क्यों, कहीं जाना हैं क्या?'' ''अरे...वो...आपको तो पता हैं न मैडम कल क्या हैं?''  ''क्या हैं कल? तुझे कल कहां जाना हैं, ये...
ज्योति  देहलीवाल
0
14 फरवरी, साल का सबसे रोमांटिक और प्यारा दिन। इस दिन का हर प्यार करनेवाले को बेसब्री से इंतजार रहता हैं। वास्तव में, वैलेंटाइन डे का असली मतलब है, यूरोप की ‘लीव इन रीलेशनशिप’ का विरोध और भारत की ‘शादी’ जैसी पवित्र संस्था का समर्थन!! लेकिन आज वैलेंटाइन डे की वास्तवि...
ANITA LAGURI (ANU)
0
❤ प्यार एक ख़ूबसूरत एहसास है इसे हर वो दिल महसूस करता है........ जो प्यार के एहसास से  गुज़रता है।  उसके लिए हर वह पल ख़ास  होता है जब वह अपने प्यार से मिलता है।  उसे उसकी बातें अच्छी लगती हैं...... उसकी मुस्कुराहट अच्छी लगती है़..... उसका हर...
Kajal Kumar
0
 पोस्ट लेवल : वैलेंटाइन valentine
ज्योति  देहलीवाल
0
14 फरवरी को ‘वैलेंटाइन डे’ कई देशों में बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। भारत में भी इसे एक बड़े उत्सव के रुप में मनाया जा रहा है। आजकल सभी लोगों को वैलेंटाइन डे का इंतजार रहता है। प्यार करनेवाले हर दिल को भी, वैलेंटाइन डे का विरोध करनेवालों को भी और इस नीमित्त से...
Kajal Kumar
0
 पोस्ट लेवल : वैलेंटाइन्‍स Day valentines डे
S.M. MAsoom
0
(adsbygoogle = window.adsbygoogle || []).push({}); वेलेंटाइन दिवस या संत वेलेंटाइन दिवस को प्रेम दिवस के रूप में पश्चिमी देशों के ७०% लोग १४ फरवरी  को मनाते  हैं जिसमें प्रेमी एक दूसरे के प्रति अपने प्रेम का इजहार वेलेंटाइन कार्ड भेजकर, फ...
 पोस्ट लेवल : society वैलेंटाइन डे editorial
sanjiv verma salil
0
नवगीत:संजीव *वैलेंटाइन चक्रवात में तिनका हुआवसन्तोत्सव जब,घर की नींवखोखली होकरहिला रही दीवारें जब-तब.*हम-तुमदेख रहे खिड़की केबजते पल्लेमगर चुप्प हैं.दरवाज़ों के बाहरजाते डरतेछाये तिमिर घुप्प हैं.अन्तर्जालीसेंध लग गयीशयनकक्षशिशुगृह में आया.जसुदा-लोरीरुच...