ब्लॉगसेतु

संतोष त्रिवेदी
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वे ऊँचे दर्ज़े के आलोचक हैं।हमेशा ऊँचाई में रहते हैं।गोष्ठियों में जाते हैं तो भी ऊँचे दर्ज़े में सफ़र करते हैं।मंच से बोलते समय अपनी ऊँचाई बनाए रखते हैं।साहित्य को ऊँचा ‘उठाने’ में उनका विशेष योगदान है।उन्हीं के सदप्रयासों से साहित्य आज भलीभाँति फल-फूल रहा है।वे त...
समीर लाल
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बाजार जाता हूँ तो देख कर लगता है कि जमाना बहुत बदल गया है. साधारण सी स्वभाविक बातें भी बतानी पड़ती है. कल जब दही खरीदने लगा तो उसके डिब्बे पर लिखा था कि यह पोष्टिक दही घास खाने वाली गाय के दूध का है. मैं समझ नहीं पाया कि इसमें बताने जैसा क्या है? गाय तो घास ही खाती...
राजीव सिन्हा
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आखिर को लैला की माँ ने मंजूर कर लिया, कहा – “अब लैला को मजनू के हाथ ही सौंप दूँगी!” सुननेवाले इस समाचार से खुश हो गए। लोगों ने लैला की माँ को बधाइयाँ दीं। मजनू बेचारा कितनी मुद्दत से लैला के पीछे तड़प रहा था। आशिकी के कारण इस दुनिया और उस दुनिया द...
Anshu Mali Rastogi
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कवि की आंखों में आंसू हैं। वो प्याज पर कविता लिख रहा है। मुझसे उसके आंसू देखे नहीं जा रहे। मैं व्यंग्यकार की आंखों में आंसू देख सकता हूं लेकिन कवि की नहीं। कवि के आंसू किसी बड़े 'अनर्थ' का प्रतीक होते हैं।कवि देश और समाज की पीड़ा को समझता है। प्याज का 80 पार हो जाना...
 पोस्ट लेवल : व्यंग्य
समीर लाल
76
बचपन में वह बदमाश बच्चा था. जब बड़ा हुआ तो गुंडा हो गया. और बड़ा हुआ तो बाहुबली बना. फिर जैसा कि होता है, वह विधायक बना और फिर मंत्री भी. नाम था भगवान दास.रुतबे और कारनामों की धमक ऐसी कि पुलिस भी काँप उठे. कम ही होते हैं जो इस कहावत को धता बता दें कि पुलिस से बड़ा कौन...
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : व्यंग्य
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : व्यंग्य
रविशंकर श्रीवास्तव
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 पोस्ट लेवल : व्यंग्य
समीर लाल
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बहुत सूक्ष्म अध्ययन एवं शोध के बाद लेखक इस निष्कर्ष पर पहुँचा है कि यदि आपके नाम के अन्त में आ की मात्रा लगाने के बाद भी नाम आप ही का बोध कराये तो आप अन्तरराष्ट्रीय स्तर के हो सकते हैं.जैसे उदाहरण के तौर पर लेखक का नाम समीर है. यदि आपको समीर नाम सुनाई या दिखाई पड़े...
Sanjay  Grover
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वे जो स्कूल-कॉलेज में पढ़ाते भी हैं और स्टेशनरी भी चुराते हैं, जो बाढ़ और अकाल के नाम पर दफ़्तर में आई राशि ख़ुद खा जाते हैं, जो टैक्स नहीं देते, जो भरपूर ब्लैक-मनी होते हुए भी घर में हवा-पानी के लिए छोड़ी गई जगह में कमरे बना लेते हैं फिर शहर को कंक्रीट का जंगल भी बताक...