ब्लॉगसेतु

प्रदीप  कुमार
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संवत्सर की वैज्ञानिकता                                                                                                                                -श्री विष्णुप्रसाद चतुर्वेदी समय का हिसाब रखना आज के मनुष्य के लिए कोई कठिन कार्य नहीं है। छपे कलैण्डर, हाथ में बंध...
प्रदीप  कुमार
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by:- Pradeep kumar पिछले लेख में आपनें यह जाना कि सूर्य हमसे कितना दूर हैं, यह पृथ्वी से कितना बड़ा हैं, सौर-कलंक क्या होते हैं, हमारा सूर्य आकाशगंगा का एक आदर्श सितारा कैसे हैं, सूर्य की तेजस्विता का रहस्य क्या हैं इत्यादि ।  इस भाग में आप सूर्य की संरचना, सूर्य ग्...
दिनेशराय द्विवेदी
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भारतवर्ष एक ऐसा देश है जिस में आप नववर्ष की शुभकामनाएँ देते देते थक सकते हैं। लगभग हर माह कम से कम एक नया वर्ष अवश्य हो ही जाता है। उस का कारण यह भी है कि यही दुनिया का एक मात्र भूभाग है जहाँ दुनिया के विभिन्न भागों से लोग पहुँचे और यहीं के हो कर रह गए। उन्हों ने इ...