ब्लॉगसेतु

संजीव तिवारी
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समीर लाल
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Ingredients:चावल  – Rice  – 1 1/ 2 cupपानी -  Water – 3 1/4  Cupsकाले चने – Black Gram (Kale Chane) –  1 /2 cupदेशी घी – Desi Ghee (Clarified Butter) – 1/ 2  Spoonतेल - Oil – 1 1/2 Tea Spoonजीरा – Cumin Seed – 1 /2  Tea Spoonदाल च...
sanjiv verma salil
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दोहा सलिला:मन के दोहे*मन जब-जब उन्मन हुआ, मन ने थामी बाँह.मन से मिल मन शांत हो, सोया आँचल-छाँह.*मन से मन को राह है, मन को मन की चाह.तन-धन हों यदि सहायक, मन पाता यश-वाह.*चमन तभी गुलज़ार हो, जब मन को हो चैन.अमन रहे तब जब कहे, मन से मन मृदु बैन.*द्वेष वमन जो कर रहे, दह...
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sanjiv verma salil
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=====-: पैली बार राजस्थानी सणगार :-=====कौशल कौशलेन्द्रकाम री कमाण काया रंग चाँदी रो छै पाणी,बाजूड़ा तो गोरा-गोरा फूलाँ की सी डाळ छै।नीला नैण मीठा बैण छायो डील मँ बसन्त,होठ कचनार गालाँ रूप री उछाळ छै।रूणक-झुणक चा ल गोरी गजगामणी सी,साँस री सुगन्ध जाण मीठी-मीठी भाळ छ...
sanjiv verma salil
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एक मुक्तकी राम-लीला*राम जन्मे, वन गए, तारी अहल्या, सिय वरी।स्वर्णमृग-बाली वधा, सुग्रीव की पीड़ा हरी ।।सिय हरण, लाँघा समुद,लड़-मार रावण को दिया-विभीषण-अभिषेक, गद्दी अवध की शोभित करी।।*८-७-२०१६रामकथा* एक श्लोकी रामायण *अदौ राम तपोवनादि गमनं हत्वा मृगं कांचनम्।वैदेही हर...
sanjiv verma salil
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बुन्देली मुक्तिका:बखत बदल गओसंजीव*बखत बदल गओ, आँख चुरा रए।सगे पीठ में भोंक छुरा रए।।*लतियाउत तें कल लों जिनखोंबे नेतन सें हात जुरा रए।।*पाँव कबर मां लटकाए हैंकुर्सी पा खें चना मुरा रए।।*पान तमाखू गुटका खा खेंभरी जवानी गाल झुरा रए।।*झूठ प्रसंसा सुन जी हुमसेंसांच कई...
sanjiv verma salil
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ॐछंद सलिला:दुर्मिला छंदसंजीव*छंद-लक्षण: जाति लाक्षणिक, प्रति चरण मात्रा ३२ मात्रा, यति १०-८-१४, पदांत गुरु गुरु, चौकल में लघु गुरु लघु (पयोधर या जगण) वर्जित।लक्षण छंद:दिशा योग विद्या / पर यति हो, पद / आखिर हरदम दो गुरु होंछंद दुर्मिला रच / कवि खुश हो, पर / जगण चौकल...
sanjiv verma salil
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पारंपरिक लघु कथा : दृष्टांत कथा गुरु क्यों?*स्वामी रामकृष्ण परमहंस की खेती सुनकर तरुण नरेन्द्र ने एक दिन उनसे कहा, " स्वामीजी! मैं रामायण जानता हूँ , भगवद्गीता जानता हूँ, सारे वेद पढ़े हैं और हर विषय पर अच्छा व्याख्यान दे लेता हूँ, फिर मुझे...